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Karva Choth Varth Katha by Vedic Astrology Vastu https://vedicastrologyvastu.com/

जय श्री राम दोस्तों
आज हम बात करेंगे

करवा चौथ के व्रत की|
करवा चौथ का व्रत बुधवार को है और सुहागिन अपने पति की लंबी आयु के लिए करवा चौथ का व्रत करती हैं

और उसके निमित्त करवा चौथ के व्रत की कथा भी सुनती हैं |

मंदिर में जाकर जा कहीं भी समूह में यह कथा की जाती है|
करवा चौथ के व्रत के लिए मैं आपको अभी करवा चौथ की कथा यहीं पर बता रहा हूं |

एक राजा के साथ लड़के थे उनकी एक बहन थी जिसका नाम था वीर|
वीरा करवा चौथ का व्रत आया तो वह पहला व्रत रखने के लिए अपने मायके आ गई

और व्रत रखकर सारा दिन कसीदे निकलती रही | भाइयों को चिंता हुई कि उनकी बहन ने सुबह से भूखी प्यासी है|

इसलिए उन्होंने जंगल में जाकर आग जला दी और ऊपर से लोहि तaanधी और अपनी बहन को दूर से ही चंद्रमा दिखा दिया

चंद्रमा को अरग देखकर जब वीरा खाना खाने लगी तो उसकी पहले बुरकी में ही बाल आ गया दूसरी बुरकी में मक्खी आ गई और तीसरी बुरकी को तोड़ते ही उसके ससुराल से संदेश आ गया कि उसके पति को गहरी मुरशा आ गई है|

वह रोते-रोते नंगे पांव ससुराल आ गई वहां पहुंचकर उसने देखा कि उसके पति के सारे शरीर पर सुईया चुबी हुई है|

उसे अपनी गलती का एहसास हुआ और वह अपने पति का सर अपनी गोदी में रखकर बैठ गई और उसके शरीर में से सुइया निकालने लगी|

सुइआ निकालते निकालते पूरा साल बीत गया| अगला करवा चौथ का व्रत आ गया

और कर्वरे बिकने आए वीरा ने अपनी नौकरानी से कहा कि वह उसके पति का ख्याल रखें वह कर्बरे लेकर आती है |

रानी करवरे लेने चली गई तो पीछे से गोली नौकरानी ने आंखों की सुइयां निकाल दी |

जब रानी करवरा लेकर आई तो राजा और गोली को बातें करते देखा तो कहने लगी महाराज की यह गोली है

लेकिन गोली ने कोई जवाब नहीं दिया तो रानी चुप हो गई | रानी सी सो गोली हुई गोली थी जो रानी हुई |

अब राजा के घर गोली बनाकर रानी काम करने लगी और रानी गोली बनकर सेवा करने लगी और एक दिन राजा परदेस जाने लगा

तो रानी और गोली से पूछने लगा कि उनके लिए क्या लाए तो गोली ने अपने लिए हारसिंगार का सामान मंगवाया

और रानी ने आढ़ कााढ़ की गुड़िया| राजा जब आया तो रानी के लिए चूड़ियां रेशमी कपड़े और खाने लेकर आया और

गोली के लिए गुड़िया लाकर दे दी|

रानी अपना सिंगार करके खुशी से झूलती रहती

और गोली अपनी गुड़िया सॉन्ग बैठकर बातें करती रहती |

एक दिन राजा ने गोली की बातें सुन ली और रानी से जब इस बारे में पूछा तो रानी बोली महाराज यह तो पागल है

ऐसे ही बोलती रहती है| गोली से पूछा तो गोली ने सारी बात बता दी|

राजा ने सच्चाई जानने के लिए दो पट के लशे मंगवा कर उनसे निकलने के लिए कहा असली रानी उसमें से आराम से निकल गई

और जब गोली निकलने लगी तो लशा टूट गया राजा ने सच्चाई का पता चलने पर गोली को सजा दी और

राजा रानी खुशी-खुशी रहने लगे रानीसी वो रानी हुई और गोली सी सो गोली हुई
जय श्री राम

Jai Shri Ram friends
Today we will talk about the fast of Karva Chauth.
The fast of Karva Chauth is on Wednesday and the married woman observes the fast of Karva Chauth for the long life of her husband and for this, she also listens to the story of the fast of Karva Chauth.

This story is recited in groups anywhere in the temple.
For the fast of Karva Chauth, I am telling you the story of Karva Chauth right here.

There was a boy with a king, he had a sister whose name was Veer.
When the fast of Veera Karva Chauth came,

she came to her parents’ house to observe the first fast and after observing the fast,

she kept singing ballads the whole day.

The brothers were worried that their sister had been hungry and thirsty since morning.

So he went to the forest and lit a fire, and on top of that, he showed the red storm and the moon to his sister from a distance.

Seeing the moon, when Veera started eating food, hair came in her first burqa,

a fly came in the second burqa and the third burqa.

As soon as she broke the glass, a message came from her in-laws that her husband was seriously ill.

Crying, she came barefoot to her in-laws’ house.

On reaching there, she saw that her husband was pricked with needles all over his body.

She realized her mistake and sat down with her husband’s head in her lap and started removing the needle from his body.

The whole year passed while taking out the needle.

Next Karva Chauth fast came and Karves came to be sold.

Veera asked her maid to take care of her husband, she brings Karves.

When the queen went to get the curry, the maid shot her from behind and took out the needles from her eyes.

When the queen brought Karvara, she saw the king and Goli talking,

she said that this is Maharaj’s bullet, but Goli did not answer,

so the queen became silent. Like a queen, it was a bullet that became a queen.

Now the queen started working in the king’s house by making goli and the queen started serving as goli and one day when the king started going abroad,

he asked the queen and Goli what to bring for them, then Goli asked for Harsingar items for herself and the queen bought half a cup of gold. doll of When the king came, he brought bangles,

silk clothes and food for the queen and gave her a doll for Goli.

The queen keeps swinging happily after adorning herself.

And Goli would sit and talk to her Gudiya Song.

One day the king overheard Goli’s words and when he asked the queen about it, the queen said,

“Maharaj, he is crazy, he keeps talking like this.” When I asked Goli,

he told me everything. To find out the truth, the king asked for two bodies to come out and asked them to come out.

The real queen came out of it easily and when the bullet started coming out, the body broke.

On finding out the truth, the king punished the servant and the king and queen were happy –

The queen started living happily, she became a queen and like a servant, she became a servant.
Jai Shri Ram

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